Skip to main content

VII Solution

अध्ययन सामग्री कक्षा 7

अप्रैल/मई

हम पंछी उन्मुक्त गगन के

दादी माँ 

हिमालय की बेटियाँ


-द्वंद्व समास, 

अवकाश पत्र,

अनुच्छेद-लेखन।


-देवव्रत से कुंती तक।

जून/जुलाई


-मिठाईवाला।
-रक्त और हमारा शरीर
-विशेषण-विशेष्य,  
सार्थक शब्द, 
शब्द परिवार।
-भीम से पांडवों की रक्षा तक।

अगस्त

-पापा खो गए
-शाम एक किसान।
-वाक्य-प्रयोग, मुहावरे, कहावतें,विराम-चिह्न, संवाद-लेखन,निबंध।
-द्रौपदी स्वयंवर से द्रौपदी व्यथा तक।

सितंबर

चिड़िया की बच्ची
अपूर्व अनुभव ।
अनेकार्थी शब्द, आना प्रत्यय का प्रयोग।
धृतराष्ट्र की चिंता से यक्ष प्रश्न तक।

अक्तूबर

1 रहीम के दोहे (बसंत भाग दो)

2. कंचा (बसंत भाग २)

3. अज्ञातवास से मंत्रणा तक (बाल महाभारत)

नवम्बर 

एक तिनका

खान पान की बदलती तस्वीर

नीलकंठ

भोर और बरखा

समास

मित्र को पत्र, 

अनुच्छेद लेखन

राजदूत संजय और शांति दूत कृष्ण तक।


दिसम्बर

2. शब्द परिवार
3. संधि
4. पांडवों और कौरवों के सेनापति से आठवाँ नवाँ दिन

जनवरी 
भीष्म शर-शय्या पर  से श्रीकृष्ण और युधिष्ठिर तक

फरवरी
विप्लवगायन

भूरिश्र्वा से युधिष्ठिर तक

Popular posts from this blog

भक्तिन पाठ का सारांश - प्रश्न उत्तर सहित

भक्तिन लेखिका- महादेवी वर्मा पाठ का सारांश - भक्तिन जिसका वास्तविक नाम लक्ष्मी था,लेखिका ‘महादेवी वर्मा’ की सेविका है | बचपन में ही भक्तिन की माँ की मृत्यु हो गयी| सौतेली माँ ने पाँच वर्ष की आयु में विवाह तथा नौ वर्ष की आयु में गौना कर भक्तिन को ससुराल भेज दिया| ससुराल में भक्तिन ने तीन बेटियों को जन्म दिया, जिस कारण उसे सास और जिठानियों की उपेक्षा सहनी पड़ती थी| सास और जिठानियाँ आराम फरमाती थी और भक्तिन तथा उसकी नन्हीं बेटियों को घर और खेतों का सारा काम करना पडता था| भक्तिन का पति उसे बहुत चाहता था| अपने पति के स्नेह के बल पर भक्तिन ने ससुराल वालों से अलगौझा कर अपना अलग घर बसा लिया और सुख से रहने लगी, पर भक्तिन का दुर्भाग्य, अल्पायु में ही उसके पति की मृत्यु हो गई | ससुराल वाले भक्तिन की दूसरी शादी कर उसे घर से निकालकर उसकी संपत्ति हड़पने की साजिश करने लगे| ऐसी परिस्थिति में भक्तिन ने अपने केश मुंडा लिए और संन्यासिन बन गई | भक्तिन स्वाभिमानी , संघर्षशील , कर्मठ और दृढ संकल्प वाली स्त्री है जो पितृसत्तात्मक मान्यताओं और छ्ल-कपट से भरे समाज में अपने और अपनी बेटियों के हक की लड़ाई लड़त...

Online MCQ test Vachya वाच्य

Loading…

नाना साहब की पुत्री देवी मैना को भस्म कर दिया गया -अभ्यास

1. बालिका मैना ने सेनापति 'हे' को कौन-कौन से तर्क देकर महल की रक्षा के लिए प्रेरित किया ? उत्तर बालिका मैना ने अपने पिता के महल की रक्षा के लिए निम्नलिखित तर्क दिए- 1. मैना ने तर्क दिया कि महल को गिराने से सेनापति की किसी उद्देशय की पूर्ति न हो सकेगी। 2. मैना ने अंग्रेज़ों के विरुद्ध शस्त्र उठाने वालों को दोषी बताया और कहा कि इस जड़ पदार्थ मकान ने कोई अपराध नहीं किया। 3. अंत में मैना ने सेनापति 'हे' को अपना परिचय देकर बताया कि उन्हें उनकी पुत्री मेरी की सहेली की रक्षा करनी ही चाहिए। 2. मैना जड़ पदार्थ मकान को बचाना चाहती थी पर अंग्रेज़ उसे नष्ट करना चाहते थे। क्यों ? उत्तर मैना उसी मकान में पली-बढ़ी थी। उसी में उसकी बचपन की, पिता की, परिवार की यादें समाई हुई थीं। इसलिए वह जड़ मकान उसके लिए भरी-पूरी ज़िंदगी के समान था। वह उसके जीवन का भी सहारा हो सकता था। इसलिए वह उसे बचाना चाहती थी। अंग्रेज़ों के लिए वह राजमहल उनके दुश्मन नाना साहब की निशानी था। वे उनकी हर निशानी को मिट्टी में मिला देना चाहते थे, ताकि देश में फिर से कोई अंग्रेज़ों के विरुद्ध आवाज़ न उठाए। 3. सर टामस '...