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प्रतिवेदन कैसे लिखें ?



रिपोर्ट/प्रतिवेदन
रिपोर्ट/प्रतिवेदन का सामान्य अर्थ:   सूचनाओं के तथ्यपरक  आदान-प्रदान को रिपोर्ट या रिपोर्टिंग कहते हैं | प्रतिवेदन इसका हिंदी रूपांतरण है | रिपोर्ट किसी संस्था, आयोजन या कार्यक्रम की तथ्यात्मक जानकारी है | बड़ी-बड़ी कंपनियां अपने अंशधारकों को वार्षिक/ अर्द्धवार्षिक प्रगति रिपोर्ट भेजा करती हैं|
रिपोर्ट के गुण:
·         तथ्यों की जानकारी स्पष्ट, सटीक, प्रामाणिक हो |
·         संस्था/ विभाग के  नाम का उल्लेख हो |
·         अध्यक्ष आदि पदाधिकारियों के नाम |
·         गतिविधियाँ चलानेवालों के नाम |
·         कार्यक्रम का उद्देश्य |
·         आयोजन-स्थल, दिनांक, दिन तथा समय |
·         उपस्थित लोगों की जानकारी |
·         दिए गए भाषणों के प्रमुख अंश |
·         लिये गए निर्णयों  की जानकारी  |
·         भाषा आलंकारिक या साहित्यिक न हो कर सूचनात्मक होनी चाहिए |
·         सूचनाएँ अन्यपुरुष शैली में दी जाती हैं | मैं या हम का प्रयोग नहीं होता |
·         संक्षिप्तता और क्रमिकता रिपोर्ट के गुण हैं |
·         नई बात नए अनुच्छेद से लिखें |
·         प्रतिवेदक या रिपोर्टर के हस्ताक्षर |
निम्नलिखित विषयों पर रिपोर्ट तैयार कीजिए-
१.      पूजा-स्थलों पर दर्शनार्थियों की अनियंत्रित भीड़
२.      देश की महँगी होती व्यावसायिक शिक्षा
३.      मतदान केन्द्र का दृश्य
४.      आए दिन होती सड़क दुर्घटनाएँ
५.      आकस्मिक बाढ़ से हुई जनधन की क्षति

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